Research Studies

शोध अध्ययन: 59 | प्रकाशन तिथि: मार्च 1997

इस अध्‍ययन का प्राथमिक उद्देश्‍य भारत में शहरी अवसंरचना के वित्‍तपोषण का सिंहावलोकन करना है। इस विस्‍तृत अध्‍ययन के डिजाइन में उपलब्‍ध अध्‍ययनों की सामान-सूची तैयार करना, स्‍थानीय निकायों द्वारा शहरी वित्‍त के प्रतिनिधिक ब्‍यौरें तैयार करना, वित्‍त के नवीन संसाधनों का मूल्‍यांकन करना, वित्‍त के मौजूदा मुख्‍य स्रोतों के औचित्‍यकरण की सिफारिश करना, राज्‍यीय तथा अर्द्ध-राज्‍यीय निकायों की शहरी वित्‍तीय भूमिका का मूल्‍यांकन करना तथा बड़े एवं छोटे शहरी क्षेत्रों द्वारा संस्‍थागत वित्‍त का विभेदीकरण करना तथा अंततः निजी क्षेत्र की सीमा एवं आकार-प्रकार का मूल्‍यांकन करना शामिल...

शोध अध्ययन: 57 | प्रकाशन तिथि: फरवरी 1994

भारत में शहरीकरण दो विपरीत विशेषताओं से अभिलक्षित होता है – आर्थिक कार्यकलापों में वृद्धि तथा जीवन की गुणवत्‍ता में गिरावट। शहरी क्षेत्रों में जीवन की गिरती हुई गुणवत्‍ता संबंधी कारणों में से एक कारण बढ़ती मांगों को पूरा करने के लिए अवसंरचना तथा सेवाओं के प्रावधान के प्रबंधन एवं संवर्धन में शहर की सरकारों की अक्षमता है। अब यह माना जा रहा है कि शहरी सेवा प्रदानगी ऐसी समस्‍या नहीं है जिसका समाधान केवल स्‍थानीय निकायों को अतिरिक्‍त वित्‍तीय संसाधन प्रदान करके ही किया जा सकता है। हाल ही में अवसंरचना, सेवाओं तथा आश्रय की शहरी सेवा प्रदानगी के संवर्धन एवं प्रबंधन के लिए...

शोध अध्ययन: 47 | प्रकाशन तिथि: जनवरी 1992

भारत में आवास में सार्वजनिक निवेश बहुत ही कम है। ऐसा अनुमान है कि ये कुल विकासमूलक निवेशों के 1.5 प्रतिशत से ज्‍यादा नहीं बैठते हैं। तथापि, सार्वजनिक संस्‍थागत क्षेत्र कुल आवास निवेशों का लगभग 20-25 प्रतिशत ही प्रदान करता है; बाकी 75-80 प्रतिशत निजी क्षेत्र द्वारा अर्थात हाउस होल्‍ड सेक्‍टर तथा अन्‍य गैर-औद्योगिक स्रोतों द्वारा प्रदान किया जाता है। इन सारे सकल अनुमानों से आवास वित्‍त बाजार के ढांचें, अपेक्षाकृत महत्‍व तथा विभिन्‍न स्रोतों के महत्‍व, आवासीय निवेशों के पर्याप्‍त अवसर और उन शर्तों एवं निबंधनों के बारे में देश में बहुत कम सूचना मिलती है जिन पर विभिन्‍न...

शोध अध्ययन: 43 | प्रकाशन तिथि: जनवरी 1990

इस अध्‍ययन का केन्‍द्र बिन्‍दु शहरी क्षेत्रों में गरीबी में कमी लाने में महिलाओं की भूमिका है, जिस पर तीन विशिष्‍ट भागों में ध्‍यान दिया गया है। पहले भाग में शहरी क्षेत्रों की महिलाओं की वृहत्‍त दृष्टि से जांच की गई है और यह लिंग अनुपात, महिला भागीदारी दर, महिलाओं द्वारा किए जाने वाले कार्यकलापों की प्रकृति और पारिवारिक आय, रोजगार में महिलाओं की हिस्‍सेदारी तथा योगदान आदि जैसे संकेतकों के संबंध में डाटा प्रस्‍तुत किया गया है। दूसरे भाग में उस पूरे ढांचे का सिंहावलोकन प्रस्‍तुत किया गया है जिसके भीतर विगत चार दशकों के दौरान महिलाओं तथा शहरी गरीबी के संबंध में नीतियां...

शोध अध्ययन: 42 | प्रकाशन तिथि: जनवरी 1990

मौजूदा अध्‍ययन का फोकस ऐसे प्रश्‍नों के कतिपय सेटों के आधार पर आईडीएसएमटी कार्यक्रम के प्रभाव का मूल्‍यांकन करना है जैसे, क्‍या यह कार्यक्रम आठवीं योजना में जारी रहना चाहिए अथवा नहीं; यदि कार्यक्रम को जारी रखा जाए तो क्‍या इसी रूप में जारी रहना चाहिए अथवा अलग रूप में; आईडीएसएमटी कार्यक्रम के प्रभावी कार्यान्‍वयन में क्‍या-क्‍या कमी है। तथापि, अध्‍ययनों ने यह दर्शाया है कि इस कार्यक्रम के अंतर्गत संवर्द्धित विकास के लिए शहरों के चयन की प्रक्रिया सही नहीं रही है। अत: अध्‍ययन में यह सुझाव दिया गया है कि आईडीएसएमटी कार्यक्रम उपयुक्‍त पुनर्सरंचना के साथ आठवीं योजना में जारी...

शोध अध्ययन: 39 | प्रकाशन तिथि: जुलाई 1988

यह अनुसंधानात्‍मक अध्‍ययन पूर्वोत्‍तर क्षेत्र में शहरीकरण की प्रक्रिया की जांच करता है तथा वृद्धि को संचालित करने तथा शहरीकरण की प्रक्रिया का मार्गदर्शन करने हेतु उपायों की पहचान करता है ताकि क्षेत्र में पड़ने वाले राज्‍यों में सामाजिक-आर्थिक परिवर्तन लाया जा सके। अध्‍ययन के अंतर्गत कुछ पहलुओं में क्षेत्रफल तथा जनसंख्‍या, निवल शेयर घरेलू उत्‍पाद का ढांचा, जिलावार आबादी का ग्रामीण-शहरी आबंटन, शहरी जनसंख्‍या घनत्‍व, शहरी परिवारों का औसतन आकार, कस्‍बेवार पुरूषों तथा महिलाओं की जनसंख्‍या और लिंग अनुपात, शहरी साक्षरता, कृषकों की प्रतिशतता, जनजातीय जनसंख्‍या की स्थिति,...

शोध अध्ययन: 37 | प्रकाशन तिथि: मार्च 1989

बड़े शहरी क्षेत्र में रेंटल हाउसिंग मार्किट के ढांचे तथा काम-काज को समझने के लिए दिल्‍ली का केस अध्‍ययन लिया गया था। दिल्‍ली एक बड़ा रेंटल हाउसिंग बाजार है जो वर्ष 1981 से 545136 परिवारों को ऐसे घर प्रदान कर रहा है। निजी (रिहायशी) क्षेत्र शहर में रेंटल हाउसिंग का अग्रणी आपूर्तिकर्ता है जिसमें दिल्‍ली के सभी क्षेत्र तथा सभी प्रकार के घर शामिल हैं। बहुतायत रेंटिंग घर के कुछ हिस्‍से को रेंट पर देने के रूप में है। 1980-88 की अवधि के दौरान दिल्‍ली में निजी क्षेत्र के रेंटल हाउसिंग बाजार (आरएचएम) में सभी प्रकार के घरों के किराए में वृद्धि हुई है। इस अध्‍ययन में आम जनता को...

शोध अध्ययन: 36 | प्रकाशन तिथि: मार्च 1989

बड़े महानगरीय क्षेत्रों में रेंटल हाउसिंग एक मुख्‍य विशेषता है। ये क्षेत्र बड़ी संख्‍या में प्रवासियों, युवाओं तथा चलायमान आबादी द्वारा अभिलक्षित होते हैं। ये समूह शहरी क्षेत्र में रेंटल हाउसिंग की विविध प्रकार की मांग सृजित करते हैं। इस लेख में मांग और आपूर्ति को संचालित करने वाली ताकतों को समझने का प्रयास किया गया है क्‍योंकि वे रेंटल मार्किट पर प्रभाव डालती हैं। रेंटल मार्किट की मांग को अवधि के चयन के प्रश्‍न के रूप में देखा जाता है। अवधि के चयन के प्रश्‍न का निर्णय घरेलू स्‍तर पर लिया जाता है और यह विविध आर्थिक तथा गैर-आर्थिक पहलुओं द्वारा प्रभावित होता है। इस अध्‍...

शोध अध्ययन: 35 | प्रकाशन तिथि: जनवरी 1989

यह अध्‍ययन तिनसुकिया (असम), छांगानाचेरी (केरल), बालासोर तथा संभलपुर (ओडिशा) के चार शहरों में एकीकृत छोटे तथा मध्‍यम शहरों का विकास (आईडीएसएमटी) कार्यक्रम के भाग के रूप में किए गए विभिन्‍न कार्यकलापों के निष्‍पादन एवं प्रभाव का विश्‍लेषण करता है और उन गतिरोधों की पहचान करता है जिनसे कार्यक्रम का कार्यान्‍वयन बाधित होता है। अध्‍ययन के परिणाम अनेक पहलुओं को व्‍यक्‍त करते हैं। दूसरा, यह अध्‍ययन कार्यक्रम की आयोजना तथा कार्यान्‍वयन में म्‍यूनिसिपल निकायों की प्रभावी भागीदारी की अनुपस्थिति को दर्शाता है और तीसरा विभिन्‍न आईडीएसएमटी कार्यकलापों के लिए भूमि-अधिग्रहण से जुड़ी...

शोध अध्ययन: 31 | प्रकाशन तिथि: मार्च 1989

रेंटल हाउसिंग मुख्‍यतया एक शहरी कार्यकलाप है। शहरी क्षेत्रों में किराए के मकानों में रहने वाले परिवारों की संख्‍या ग्रामीण क्षेत्रों से कही ज्‍यादा है। इसके अतिरिक्‍त किराए के मकानों की प्रतिशतता छोटे-छोटे आकार के शहरों की तुलना में बड़े शहरों में कहीं ज्‍यादा है। वर्ष 1961-1981 के दौरान I श्रेणी के अधिकतर शहरों में रेंटल हाउसिंग की स्थिति की एकमात्र सर्वाधिक आम विशेषता रेंटल हाउसिंग में रहने वाले परिवारों की प्रतिशतता में गिरावट आना है। श्रेणी I के कुल 140 शहरों, जिनके संबंध में वर्ष 1961, 1971 तथा 1981 के लिए रेंटल हाउसिंग में रहने वाले परिवारों की प्रतिशतता संबंधी...

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